PM मोदी की ईंधन बचाने की अपील.. मंत्रियों ने किए अपने काफिले आधें
PM मोदी ने पेट्रोल डीजल की किल्लत और महंगे दामों को लेकर 2 बार भारत की जनता से अपील की कि अब हमें फ्यूल का कंजम्पशन कम करना होगा, अब खुद प्रधानमंत्री मोदी ने अपने काफिले में गाड़ियों की संख्या को कम कर दिया है, इसके साथ ही पीएम ने
मोदी सरकार का बड़ा कदम: पेट्रोल-डीजल की एक्साइज ड्यूटी घटाई
मिडिल ईस्ट में जारी संकट के बीच पेट्रोल और डीजल खत्म होने की अफवाहों से हड़कंप मच गया है। पंजाब भर में पेट्रोल पंपों पर भीड़ लगी हुई है।वही पश्चिम एशिया में जारी युद्ध और बढ़ती कच्चे तेल की कीमतों के बीच मोदी सरकार ने बड़ा फैसला लिया है। वित्त
मुख्यमंत्री सैनी की अध्यक्षता में मंत्रिमण्डल की बैठक..18 एजेंडों को मिली मंजूरी
चंडीगढ़, 24 मार्च- हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की अध्यक्षता में मंगलवार को मंत्रिमण्डल की बैठक आयोजित हुई। लगभग 6 घण्टे चली बैठक में कुल 31 एजेंडे रखे गए जिनमें से 18 एजेंडों को मंजूरी प्रदान की गई।मंत्रिमण्डल की बैठक के बाद आयोजित प्रैसवार्ता में पत्रकारों द्वारा पूछे गए
ईरान युद्ध के बीच ₹2.35 महंगा हुआ प्रीमियम पेट्रोल
सरकारी तेल कंपनियों ने आज यानी 20 मार्च को स्पीड और पावर जैसे प्रीमियम पेट्रोल की कीमतें ₹2.09-₹2.35 प्रति लीटर तक बढ़ा दी है। पेट्रोल की कीमतों में यह बढ़ोतरी कच्चा तेल महंगा होने की वजह से की गई है। ईरान जंग की वजह से कच्चे तेल के दाम 100
पंजाब-चंडीगढ़ में LPG और पेट्रोल को लेकर मची अफरा तफरी
इजराइल-अमेरिका और इरान के बीच बढ़ते तनाव का असर अब सीधे तौर पर आम आदमी की रसोई पर दिखने लगा है। पंजाब और चंड़ीगढ़ में भी इसका असर दिखाई पड़ने लगा है, वही रसोई गैस आपूर्ति को लेकर मिल रही शिकायतों को देखते हुए प्रशासन सतर्क हो गया है। अब
स्ट्रेट ऑफ होर्मुज बंद होने की कगार पर..तेल संकट पंजाब की रसोई तक पहुंचा
बिते दिनों अमेरिका-इजराइल ने ईरान पर स्ट्राइक की थी। इसके जवाब में ईरान ने UAE, कतर, कुवैत और सऊदी जैसे देशों में मौजूद अमेरिकी ठिकानों को निशाना बनाया है। ईरान के ड्रोन हमले के बाद भारत को गैस सप्लाई करने वाले सबसे बड़े देश कतर ने अपने LNG प्लांट का
पाकिस्तान के गाड़ी में फ्यूल नहीं, थाली में भोजन नहीं..तेल संकट से मचा कोहराम
मिडिल ईस्ट में चल रहे संघर्ष की वजह से तेल की किमतें 100डॉलर से ज्यादा बढ़ने के बाद इसका असर पाकिस्तान में साफ दिखने लगा है। शहबाज सरकार को कड़े फैसले लेने पड़ रहे हैं। शहबाज सरकार ने आर्थिक दबाव और बढ़ते तेलों की कीमतों को देखते हुए ये ऐलान


